एस.के.एम. न्यूज सर्विस
पौड़ी 05 अप्रैल। पौड़ी मुख्यालय का जिला पुस्तकालय, जो कभी अव्यवस्थाओं और मूलभूत सुविधाओं के अभाव से जूझ रहा था, अब एक आधुनिक, सुव्यवस्थित और आकर्षक अध्ययन केंद्र के रूप में विकसित हो गया है। पुस्तकालय को पारंपरिक पहाड़ी शैली में तैयार किया गया है, जिसमें स्थानीय वास्तुकला और आधुनिक सुविधाओं का सुंदर समन्वय दिखाई देता है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की गुणवत्तापूर्ण, सुलभ और आधुनिक शिक्षा की परिकल्पना को साकार करते हुए जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया के प्रयासों से पुस्तकालय का व्यापक कायाकल्प किया गया। पूर्व निरीक्षण में पढ़ाई के अनुकूल वातावरण का अभाव, पेयजल की कमी और भवन की जर्जर स्थिति सामने आने पर जिलाधिकारी ने निर्माण खंड लोनिवि को प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए, जिसके बाद कार्य शुरू किया गया।
जिला योजना के अंतर्गत पुस्तकालय का सुदृढ़ीकरण एवं मरम्मत कराई गई। इसके तहत भवन के दोनों तलों का नवीनीकरण, आधुनिक फर्नीचर की व्यवस्था, शौचालयों का उन्नयन, पाथवे व रेलिंग निर्माण, द्वारों का नवीनीकरण तथा पुस्तकालय तक सुगम पहुंच के लिए मार्ग का विकास किया गया। साथ ही पहली बार यहां पेयजल कनेक्शन भी स्थापित किया गया। विद्यार्थियों की सुविधा के लिए पुस्तकालय में पर्याप्त पुस्तकों के साथ आधुनिक फर्नीचर, सुव्यवस्थित पठन-पाठन व्यवस्था, बुक स्टोरेज, वाई-फाई जोन और स्वच्छ पेयजल की सुविधा उपलब्ध कराई गई है। भवन की बाहरी संरचना को पारंपरिक पहाड़ी शैली में विकसित करते हुए उसमें घंटाघर का आकर्षक एकीकरण किया गया है। छत पर बना यह घंटाघर प्रतिदिन प्रातः 6 बजे से सायं 6 बजे तक समय का संकेत देता है और परिसर में अनुशासित व प्रेरणादायक वातावरण बनाता है। वर्तमान में यह पुस्तकालय विद्यार्थियों को स्वच्छ, शांत और सुविधायुक्त अध्ययन वातावरण प्रदान कर रहा है, जहां पारंपरिक और डिजिटल दोनों माध्यमों से अध्ययन की सुविधा उपलब्ध है। हाल ही में राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से.नि.) ने पुस्तकालय का लोकार्पण करते हुए इस पहल की सराहना की। जिलाधिकारी ने कहा कि पुस्तकालय का उद्देश्य विद्यार्थियों और युवाओं में पढ़ने की आदत विकसित करना, उन्हें सकारात्मक अध्ययन वातावरण देना और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराना है। अधिशासी अभियंता लोनिवि निर्माण खंड, रीना नेगी ने बताया कि पुस्तकालय का सुदृढ़ीकरण और सौंदर्यीकरण कार्य निर्धारित समय में गुणवत्ता के साथ पूरा किया गया है, जिसमें आधुनिक सुविधाओं के साथ पारंपरिक पहाड़ी शैली को भी बनाए रखा गया है।




